देहरादून:
उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर के छपार थाने की पुलिस टीम जब धोखाधड़ी के फरार आरोपी संजय को गिरफ्तार करने हरिद्वार-ज्वालापुर पहुंची, तो रास्ते में एक भयावह हमला हुआ। पुलिस टीम ने आरोपी को हिरासत में लेकर जब पूछताछ के लिए ले जाना शुरू किया, तभी आरोपी का बेटा ईशांत अपने साथियों के साथ पीछा करते हुए पुलिस वाहन पर हमला कर दिया।
टक्कर मारकर पुलिसकर्मी पर इस तरह हमला किया
आरोपित के बेटे ईशांत व उसके साथियों ने थार और दूसरी स्कॉर्पियो कार से पुलिस वाहन का पीछा किया और भूमानंद अस्पताल के पास कई बार जानबूझकर टक्कर मारी, जिससे पुलिसकर्मियों की ज़िंदगी खतरे में पड़ गई। जब पुलिस का वाहन रुक गया, तो आरोपियों ने घेराबंदी कर मारपीट का प्रयास भी किया।
पुलिसकर्मी और कांस्टेबल घायल
इस हमले में उपनिरीक्षक अनुराग सिंह, महिला सिपाही प्राची, सिपाही अनिल कुमार तीनों घायल हुए और उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया।
03 को किया गया गिरफ्तार
पुलिस ने इस मामले में कुल 11 आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है, जिसमें आरोपित के बेटे समेत कई नामजद व अज्ञात शमिल हैं। मामले में ईशांत (संजय का बेटा) शिवम मलिक और अमन को गिरफ्तार लिया गया है, जबकि कुछ अन्य अभी भी फरार हैं और उनकी तलाश जारी है।
पुलिस ने आरोपितों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है, जिनमें शामिल हैं:
हत्या के प्रयास
सरकारी काम में बाधा डालना
जानलेवा हमला
तोड़फोड़ और अप्राकृतिक वाहन चलाना
अधिकारियों ने कहा है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश और सख़्त कानूनी कार्रवाई होगी।
सोशल मीडिया पर घटना का एक वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें आरोपितों की गाड़ी से पुलिस वाहन पर टक्कर मारते हुए दिख रहा है, पुलिस इसकी जांच के लिए आसपास के CCTV फुटेज खंगाल रही है। पुलिस प्रशासन ने बातचीत में कहा कि इस तरह के हमलों से कानून-व्यवस्था को सीधी चुनौती मिलती है और ऐसे मामलों में कार्रवाई “तेज़ और सख़्त” होगी।

